रिपोर्ट के मुताबिक अगर इज़राइल पहले कार्रवाई करता है तो अमेरिकी जनता के लिए अमेरिका की सैन्य कार्रवाई का समर्थन करना आसान हो जाएगा।
साथ ही अधिकारियों का कहना है कि इज़राइल के हमले के बाद ईरान जवाबी कार्रवाई करेगा, जिससे तनाव और बढ़ सकता है।
संयुक्त ऑपरेशन की भी चर्चा
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि अमेरिका और इज़राइल मिलकर कार्रवाई कर सकते हैं जिसे सबसे संभावित विकल्प माना जा रहा है। ट्रंप के करीबी सूत्रों का मानना है कि अंतिम विकल्प के रूप में अमेरिका ईरान पर बमबारी कर सकता है।
ट्रंप पहले भी दे चुके हैं चेतावनी
20 फरवरी को ट्रंप ने कहा था कि वह ईरान पर सीमित हमले की रणनीति पर विचार कर रहे हैं। उन्होंने तेहरान से समझौता करने की अपील की थी और चेतावनी दी थी कि अगर समझौता नहीं हुआ तो ईरान को "गंभीर परिणाम" भुगतने होंगे।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने कहा कि अमेरिका का कोई भी हमला, चाहे वह सीमित ही क्यों न हो, उसे पूर्ण आक्रामण माना जाएगा।
ईरान के पास अमेरिकी सैन्य जमावड़ा
द वॉशिंगटन पोस्ट के अनुसार, फ्लाइट ट्रैकिंग डेटा और सैटेलाइट तस्वीरों से संकेत मिलता है कि 150 से अधिक अमेरिकी सैन्य विमान और अमेरिकी नौसेना के लगभग एक-तिहाई जहाज़ ईरान के आसपास तैनात हैं।