पिछले साल, भारतीय कंपनियों ने रूसी बाज़ार में 9,10,000 डॉलर मूल्य की चांदी आपूर्ति की, जो वर्ष 2024 में 9,00,000 डॉलर से अधिक थी।
गणना के मुताबिक, यह रकम 2017 के बाद सबसे अधिक थी। भारतीय सांख्यिकी सेवा ने इससे पूर्व का डेटा नहीं दिया है।
भारत के चांदी निर्यात का सबसे बड़ा हिस्सा यूके (74.3%) को जाता है, जिसके बाद अमेरिका (10.2%) और जर्मनी (2.3%) का स्थान है, जबकि रूस की हिस्सेदारी फिलहाल 1% से थोड़ी ही अधिक है।