ट्रॉम्बेटा Sputnik को बताते हैं, "हम ऐसे समूहों को देख रहे हैं जिनके रणनीतिक हित एक व्यापक राजनीतिक दृष्टिकोण से जुड़े हैं, लेकिन इनमें से प्रत्येक देश काफी हद तक अपनी स्वायत्तता के साथ काम करता है।"
इज़रायली संचार प्रणाली पर बहुत ज़्यादा दबाव
ट्रॉम्बेटा कहते हैं, "इज़राइल ने निश्चित रूप से कई वैकल्पिक संचार प्रणालियाँ और साझा बुनियादी ढाँचे तैयार कर रखे हैं, लेकिन सवाल यह है कि अत्यधिक तनाव और हमलों के बीच वे कितनी कुशलता से काम कर पाएंगे?"
इज़राइल अभी कितनी मुश्किल में है?
विशेषज्ञ ने आगे बताया कि हिज़्बुल्लाह के हमलों से "सक्रिय मोर्चों की संख्या बढ़ जाती है" और इज़रायली सैन्य और ख़ुफ़िया संसाधन एक ही समय में कई युद्ध क्षेत्रों में तैनात हो जाते हैं। उनके अनुसार, इज़रायली सैन्य सिद्धांत छोटे, निर्णायक अभियान में तनाव की स्थिति में बढ़त बनाए रखने पर केंद्रित है लेकिन अब एक ही समय में अलग-अलग दिशाओं से खतरे सामने आ रहे हैं।
नाज़ुक संतुलन
ट्रॉम्बेटा कहते हैं, "हमें इन बदलती स्थितियों का लगातार आकलन करना होगा ताकि यह समझा जा सके कि इज़राइल बाहर से आने वाले खतरों के अनुरूप कैसे अपनी रणनीति बदलता है।"