इससे पहले मार्च में भी श्रीलंका द्वारा हिरासत में लिए गए 14 भारतीय मछुआरों को स्वदेश भेजा गया था।
श्रीलंकाई अधिकारियों द्वारा भारतीय मछुआरों को बार-बार गिरफ्तार किए जाने का मुद्दा दोनों देशों के बीच लंबे समय से चिंता का विषय रहा है, खासकर तमिलनाडु में मछली पकड़ने वाले समुदाय इससे प्रभावित होते हैं।