रिपोर्ट के अनुसार, यह बैठक उसी दिन हुई जिस दिन जिनेवा में अमेरिकी और ईरानी प्रतिनिधिमंडलों के बीच बातचीत चल रही थी—यानी यह कार्रवाई कूटनीतिक वार्ता के साथ-साथ सैन्य तैयारी के संकेत भी देती है।
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ़ से मुलाक़ात के बाद कहा कि दोनों देश एक हफ़्ते के भीतर बातचीत का नया दौर शुरू कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि ईरानी और अमेरिकी टीमें सोमवार को वियना में तकनीकी चर्चा शुरू करेंगी, जो अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) मुख्यालय में आयोजित की जाएगी।
ईरान और अमेरिका, ईरानी परमाणु कार्यक्रम को लेकर अब तक तीन दौर की वार्ता कर चुके हैं। ईरान की टीम का नेतृत्व अराघची कर रहे हैं, जबकि अमेरिकी टीम का नेतृत्व विटकॉफ़ कर रहे हैं। दोनों पक्ष संभावित समझौते का प्रारूप तैयार करने में जुटे हुए हैं।
जनवरी में, राष्ट्रपति ट्रंप ने यह भी दावा किया था कि एक “विशाल जहाज़ी बेड़ा” ईरान की तरफ़ बढ़ रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई थी कि तेहरान बातचीत के लिए तैयार होगा और एक ऐसा "निष्पक्ष और न्यायसंगत समझौता" स्वीकार करेगा, जिसके तहत ईरान अपने परमाणु हथियारों की संभावना को पूरी तरह छोड़ देगा।