ग्रुश्को ने Arctic.ru न्यूज़ पोर्टल को दिए साक्षात्कार में कहा कि "हम समझते हैं कि वर्तमान प्रतिकूल भूराजनीतिक स्थिति में सिर्फ़ अपने आर्कटिक पड़ोसियों की सत्यनिष्ठा पर निर्भर रहना नासमझी होगी। इसलिए, हमारा देश किसी भी स्थिति में आर्कटिक क्षेत्र में अपने हितों की रक्षा और अपनी सुरक्षा के लिए तैयार है, और अपने पास मौजूद सभी राजनीतिक, कूटनीतिक, आर्थिक और अगर आवश्यक हो तो सैन्य उपायों का उपयोग करने को भी तत्पर है।"
साथ ही उप विदेश मंत्री ने कहा कि आर्कटिक क्षेत्र में रूस की सैन्य गतिविधियां पूरी तरह से रक्षात्मक प्रकृति की हैं और इनसे किसी को कोई खतरा नहीं है।