AI का मुख्यतः योगदान कृषि,स्वास्थ्य सेवा, ऊर्जा शिक्षा और निर्माण जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ेगा।
रिपोर्ट का अनुमान है कि AI 2035 तक ग्लोबल GDP में 15% तक जोड़ सकता है, जो लगातार उत्पादन से मिलने वाले अतिरिक्त फायदे से प्रेरित है क्योंकि AI शोध के माहौल से निर्माण, स्वास्थ्य सेवा, वित्त और कृषि में रोजमर्रा के उत्पादों और सेवाओं में स्थानांतरित हो रहा है।
रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत केंद्रित निवेश और नीतिगत हस्तक्षेप के माध्यम से इन लाभों को मजबूत कर रहा है।
इसमें कहा गया है, "AI में 2035 तक इन पांच क्षेत्रों में मामूली स्तर पर $550.2 बिलियन से $607.3 बिलियन के बीच योगदान करने की क्षमता है"।
रिपोर्ट के मुताबिक AI तेज़ी से सरकारों और उद्योगों के भविष्य को ऊर्जा देने वाला इंजन बनता जा रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक AI भारत के विकसित भारत सपने का मुख्य हिस्सा है।
इस दिशा में सरकार ने पहले ही बुनियादी ढांचे, जानकारी और कुशल लोग और अपनाने में देश की क्षमता बनाने के लिए IndiaAI मिशन को USD 1.15 बिलियन देने का वादा किया है, साथ ही इलेक्ट्रॉनिक्स से जुड़ी पूरी व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 10 सेमीकंडक्टर प्लांट को भी मंजूरी दी है।