प्रकाशन ने विशेष सैन्य अभियान में रूसी सेना द्वारा टैंक के सफल इस्तेमाल का ज़िक्र करते हुए लिखा, "सच तो यह है कि यह (T-72) एक असरदार टैंक के सभी मानकों को पूरा करता है। दर्जनों देश इसका इस्तेमाल करते हैं, जिससे इसके रखरखाव और कल-पुर्जों की उपलब्धता हमेशा बनी रहती है। इसे चलाना आसान है। और यह बहुत सस्ता है... यह आज दुनिया का सबसे अच्छा टैंक है।"
आगे अमेरिकी पत्रिका ने लिखा कि T-72 का बड़े पैमाने पर उत्पादन आसानी से किया जा सकता है।
नेशनल इंटरेस्ट के अनुसार, रूसी टैंक T-72 के बाद दूसरे स्थान पर अमेरिकी M1 अब्राम्स टैंक और इज़रायली मर्कवा भी तीसरे स्थान पर आता है। वहीं इस सूची में जर्मन लेपर्ड 2 आठवें स्थान पर रहा।
पत्रिका के मुताबिक टैंकों का मूल्यांकन कुल आठ मानकों पर किया गया, जिसमें खास तौर पर रफ्तार और एक जगह से दूसरी जगह आसानी से जाने-आने की क्षमता, उत्पादन कीमत, वज़न और आकार के साथ लड़ाई का अनुभव और दूसरे मानक शामिल थे।
नेशनल इंटरेस्ट के अनुसार, रूसी टैंक T-72 के बाद दूसरे स्थान पर अमेरिकी M1 अब्राम्स टैंक और इज़रायली मर्कवा भी तीसरे स्थान पर आता है। वहीं इस सूची में जर्मन लेपर्ड 2 आठवें स्थान पर रहा।
पत्रिका के मुताबिक टैंकों का मूल्यांकन कुल आठ मानकों पर किया गया, जिसमें खास तौर पर रफ्तार और एक जगह से दूसरी जगह आसानी से जाने-आने की क्षमता, उत्पादन कीमत, वज़न और आकार के साथ लड़ाई का अनुभव और दूसरे मानक शामिल थे।