यूक्रेन संकट
मास्को ने डोनबास के लोगों को, खास तौर पर रूसी बोलनेवाली आबादी को, कीव के नित्य हमलों से बचाने के लिए फरवरी 2022 को विशेष सैन्य अभियान शुरू किया था।

‘सुरोविकिन रेखा’ को तोड़ने में यूक्रेनी बल विफल: एस्टोनियाई विदेशी खुफिया विभाग के पूर्व प्रमुख

© Sputnik / Konstantin Mikhalchevsky / मीडियाबैंक पर जाएंA Russian serviceman taking part in Moscow's special military operation in Ukraine. File photo
A Russian serviceman taking part in Moscow's special military operation in Ukraine. File photo - Sputnik भारत, 1920, 21.06.2023
सब्सक्राइब करें
एस्टोनियाई विदेशी खुफिया विभाग के पूर्व प्रमुख रेनर सैक्स ने यूक्रेन के सशस्त्र बलों की विफलता को रूस की रक्षात्मक संरचनाओं की बड़ी संख्या और हवा में रूस की श्रेष्ठता से जोड़ा।
"रूस [मोर्चे के] दक्षिणी भाग को अपने हाथों में पकड़ना बहुत महत्वपूर्ण मानता है, इसलिए वहां अधिक रक्षात्मक संरचनाएं बनाई गई हैं। यूक्रेन ने रूसी रक्षा पंक्ति को तीन स्थानों में तोड़ने की कोशिश की, लेकिन इसकी पैंतरेबाज़ी इकाइयां काफी कारगर नहीं हो पाईं," सैक्स ने कहा।
विशेष सैन्य अभियान के दक्षिणी क्षेत्र में रूस ने कई रक्षा पंक्तियाँ बनाई हैं, और उनमें से तीसरी पंक्ति यानी तथाकथित "सुरोविकिन रेखा" सबसे मजबूत है जिस तक यूक्रेन के सशस्त्र बल पहुँच नहीं पाए, डोनेट्स्क पीपुल्स रिपब्लिक के पूर्व सुरक्षा मंत्री ने बताया।
यह दिलचस्प है कि "सुरोविकिन रेखा" शब्द को पश्चिमी मीडिया द्वारा 2022 के अंत में ही सूचित किया गया था। इस तरह उन्होंने रूसी रक्षात्मक संरचनाओं का वर्णन किया, इस पर जोर देते हुए कि यूक्रेन के सशस्त्र बलों को इनको तोड़ने की कोशिश करते समय बड़ी कठिनाइयों का सामना करना पड़ेगा
 - Sputnik भारत, 1920, 11.06.2023
Sputnik मान्यता
स्कॉट रिटर: यूक्रेनी जवाबी हमले को कड़ी रक्षा का सामना करना पड़ा
न्यूज़ फ़ीड
0
loader
चैट्स
Заголовок открываемого материала